मुख्यमंत्री वात्सल्य योजना उत्तराखंड 2022, आवेदन, पात्रता, लाभार्थी, दस्तावेज| Mukhyamantri Vatsalya Yojana Uttarakhand

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मुख्यमंत्री वात्सल्य योजना उत्तराखंड 2022, आवेदन, पात्रता, लाभार्थी, दस्तावेज, आधिकारिक वेबसाइट, [Mukhyamantri Vatsalya Yojana Uttarakhand] ( Apply, Eligibility, Beneficiary, Documents, Official Website)

वात्सल्य योजना उत्तराखंड

उत्तराखंड के तत्कालीन मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कोरोना काल में बेसहारा हुए बच्चों के लिए मुख्यमंत्री वात्सल्य योजना का शुभारंभ 2 अगस्त 2021 को किया। मुख्यमंत्री आवास के जनता दर्शन हॉल में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने योजना के तहत चयनित 2347 बच्चों के बैंक खातों में ₹3000 की सहायता ट्रांसफर की है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि इन बच्चों का मामा की तरह ध्यान रखेंगे कोरोना काल में जिन बच्चों की आंखों में आंसू आए हैं उनके चेहरों पर मुस्कान लाने का प्रयास कर रहे हैं।

राज्य सरकार एक अभिभावक की तरह इनका हमेशा ध्यान रखेगी। उन्होंने कहा जिलों में जिला अधिकारी इन बच्चों के अभिभावक के रूप में काम करेंगे। हमारा इन बच्चों के प्रति स्नेह, प्रेम और उत्तरदायित्व का भाव है। हम सभी इन बच्चों के लिए जो कुछ भी कर सकते हैं पूरे मनोयोग से करें। उनकी सहायता से पुण्य प्राप्त होगा।

इस योजना के तहत बच्चों को हर महीने ₹3000 की सहायता राशि दी जा रही है, साथ ही मुफ्त राशन और शिक्षा की व्यवस्था भी की जा रही है. जिलों के डीएम इन बच्चों की संपत्ति का संरक्षण भी करेंगे ,सीएम ने कहा कि उत्तराखंड अनाथ बच्चों के लिए नौकरियों में 5% क्षैतिज आरक्षण की व्यवस्था भी की जा रही है, ऐसा करने वाला उत्तराखंड पहला राज्य है।

वात्सल्य योजना से जुड़े तथ्य :

योजना का नाम मुख्यमंत्री वात्सल्य योजना
किसने आरंभ की उत्तराखंड सरकार (मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा)
आरंभ कब हुई 2 August 2021
लाभार्थी उत्तराखंड राज्य के हुए बच्चे जिनके माता-पिता या अभिभावक की मृत्यु कोरोनावायरस के संक्रमण से हुई है
सरकारी नौकरी में कोटा 5%
आर्थिक सहायता 3000 rs
आवेदन का प्रकार ऑफलाइन
आधिकारिक वेबसाइट wecd.uk.gov.in
उद्देश्य अनाथ बच्चों को भरण पोषण हेतु आर्थिक सहायता देना

वात्सल्य योजना का उद्देश्य :

इस योजना का उद्देश्य है कोरोना से अनाथ हुए बच्चों को सामाजिक, आर्थिक और मानसिक रूप से सशक्त बनाना और बच्चों की सुरक्षा व संरक्षण करना , जिसके लिए जिलाधिकारियों को बच्चों की देखभाल, पुनर्वास, चल -अचल संपत्ति, उत्तराधिकार और अन्य विधिक अधिकारों की रक्षा के लिए संरक्षक अधिकारी नामित किया गया है।अनाथ बच्चों के कौशल विकास पर भी ध्यान देना है।

इस योजना का उद्देश्य ऐसे बच्चों को सहायता देना है जिनके माता-पिता या अभिभावक की मृत्यु कोरोनावायरस के संक्रमण से हुई है।बच्चों को शिक्षा प्राप्त कराने में सहायता करना भी इस योजना का उद्देश्य है।इस योजना से अनाथ बच्चे आत्मनिर्भर एवं सशक्त बन सकेंगे और अपने भरण-पोषण के लिए किसी पर निर्भर नहीं रहेंगे।

वात्सल्य योजना के लाभ तथा विशेषताएं :

1- इस योजना के माध्यम से उन बच्चों की आर्थिक सहायता की जाएगी जिनके माता-पिता या अभिभावक की मृत्यु कोरोनावायरस संक्रमण से हो गई है।

2- इस योजना के तहत हर माह 3000 की आर्थिक सहायता बच्चे को जन्म से 21 वर्ष की आयु होने तक भरण-पोषण भत्ता के रूप में प्रदान की जाएगी।

3- इस योजना का लाभ प्राप्त करने के लिए बच्चे का बैंक में खाता होना अनिवार्य है।

4- उत्तराखंड सरकार द्वारा ऐसे सभी बच्चों को शिक्षा एवं रोजगार प्राप्त करने में मदद की जाएगी।

5- सरकार ने इन अनाथ बच्चों के लिए सरकारी नौकरी में 5% क्षैतिज आरक्षण भी रखा है।

6- इस योजना के अंतर्गत बच्चे की पैतृक संपत्ति को बेचने का अधिकार बच्चे के वयस्क होने तक किसी को भी नहीं दिया जाएगा।

7- इस योजना से संबंधित सभी जिम्मेदारियां प्रत्येक जिले के जिला अधिकारी को दी गई है।

8- इस योजना के अंतर्गत बच्चों को रोजगार के लिए प्रशिक्षण देने की व्यवस्था भी है।

वात्सल्य योजना के लिए पात्रता :

1- आवेदन करने वाला उत्तराखंड का स्थाई निवासी होना चाहिए।

2- बच्चे का बैंक में खाता होना अनिवार्य है।

3- आवेदन करने वाले बच्चे के माता-पिता या अभिभावक की मृत्यु कोरोनावायरस संक्रमण के कारण हुई हो।

उत्तराखंड वात्सल्य योजना 2021 के लिए महत्वपूर्ण दस्तावेज :

1- मोबाइल नंबर

2- माता पिता का मृत्यु प्रमाण पत्र

3- पासपोर्ट साइज फोटो

4- आय प्रमाण पत्र

5- जन्म प्रमाण पत्र

6- राशन कार्ड

7- आधार कार्ड

8- बैंक खाता

2020 से मार्च 2021 तक कुल चयनित बच्चे :

जिला बच्चों की संख्या
देहरादून 561
उत्तरकाशी 120
नैनीताल 185
पौड़ी गढ़वाल 213
हरिद्वार 230
उधम सिंह नगर 242
टिहरी गढ़वाल 249

लाभार्थी :

इस योजना का लाभ उन बच्चों को दिया जाएगा जिनके माता-पिता या अभिभावक की मृत्यु कोरोना संक्रमण से हो गई हो।

ऑफिशियल वेबसाइट :

wecd.uk.gov.in

आवेदन कैसे करें :

इस योजना का लाभ लेने के लिए आपको ऑनलाइन या ऑफलाइन आवेदन करना होगा ,इसके लिए आपको इस योजना की ऑफिशल वेबसाइट wecd.uk.gov.in पर जाना होगा और फॉर्म को डाउनलोड करके आप प्रिंट आउट निकाल कर भी भर सकते हैं या फिर ऑनलाइन भी भर सकते हैं।

आवेदन पत्र का प्रारूप :

awedenpatr

aveden

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